भूख हड़ताल पर बैठे कोरंगा को जबरन उठा ले गई पुलिस

भूख हड़ताल पर बैठे कोरंगा को जबरन उठा ले गई पुलिस

 

हल्द्वानी,  पेपर लीक को लेकर आंदोलन कर रहे युवा बेरोजगारों पर अब पुलिस प्रशासन द्वारा सख्ती बरतना शुरू कर दिया गया है। हल्द्वानी में बीते 5 दिनों से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे भूपेंद्र कोरंगा को सोमवार को पुलिस जबरन उठाकर ले गई। इस दौरान आंदोलनकारियों और पुलिस के बीच तीखी नोकझोंक और खींचतान हुई, जिसमें एक महिला के कपड़े भी फट गए। उधर राजधानी दून में आज भारी बारिश के बीच भी आंदोलनकारी छात्र धरने पर डटे रहे।

उल्लेखनीय है कि एक सप्ताह पूर्व हुए यूकेएसएसएससी परीक्षा का प्रश्न पत्र लीक होने के बाद से ही राजधानी दून सहित पूरे प्रदेश में युवाओं द्वारा लगातार सरकार के विरुद्ध धरने प्रदर्शन व भूख हड़ताल का दौर जारी है। आंदोलन युवाओं द्वारा निरंतर किया जा रहा है, इस आंदोलन को समाप्त कराने के लिए सरकार इसकी जांच के लिए एसआईटी का गठन कर चुकी है, लेकिन प्रदेश के युवाओं की मांग है कि इस परीक्षा को तत्काल रद्द किया जाए और दोबारा से परीक्षा कराई जाए तथा पेपर लीक मामले की सीबीआई जांच कराई जाए।

एक तरफ जहां युवा बेरोजगार अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं वहीं सरकार भी एसआईटी जांच से आगे बढ़ने को तैयार नहीं है। इसे लेकर मुख्यमंत्री धामी द्वारा भले ही यह कहा जा रहा हो कि वह किसी भी तरह की जांच को तैयार हैं लेकिन युवा छात्र उनका भरोसा नहीं कर रहे हैं उनका साफ कहना है कि जब तक परीक्षा रद्द नहीं की जाएगी और सीबीआई जांच के आदेश नहीं दिए जाते हैं वह आंदोलन समाप्त नहीं करेंगे। युवा आज भारी बारिश के बीच भी राजधानी की सड़कों पर जमे रहे।

हल्द्वानी में जारी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल के पांचवें दिन आज पुलिस हड़ताल पर बैठे भूपेंद्र कोरंगा को जबरन उठा कर ले गई जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस के साथ इस दौरान युवाओं की भिड़ंत भी हुई, जिसमें महिलाओं के कपड़े तक फट गए। महिलाओं ने पुलिस पर बालों से घसीटने व अभद्रता करने का गंभीर आरोप लगाया। पुलिस के इस तानाशाह रवैया को लेकर छात्रों में भारी आक्रोश है और अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल जारी रखने की घोषणा की गई है।